Thursday, January 10, 2019

राहुल गांधी मोदी से और लोग राहुल से बोले- BeAMan

राहुल ने कहा था, ''56 इंच की छाती वाला प्रधानमंत्री लोकसभा में एक मिनट के लिए नहीं आ पाया. ढाई घंटे निर्मला सीतारमण जी ने भाषण दिया. हमने भाषण की धज्जियां उड़ाईं. वो जवाब नहीं दे पाईं. लोकसभा में रफ़ाल पर बहस हो रही थी, मोदी पंजाब भाग गए. चौकीदार रफ़ाल पर एक मिनट भी नहीं बोल पाए... चौकीदार लोकसभा में पैर नहीं रख पाया. और एक महिला से कहता है कि निर्मला सीतारमण जी आप मेरी रक्षा कीजिए, मैं अपनी रक्षा नहीं कर पाऊंगा. आपने देखा कि ढाई घंटे महिला रक्षा नहीं कर पाई.''

राहुल गांधी ने एक ट्वीट कर कहा, ''हमारी सभ्यता में महिलाओं का सम्मान घर से शुरू होता है. डरना बंद कीजिए. मर्दों की तरह बात कीजिए. और मेरे सवाल का जवाब दीजिए. क्या वायुसेना और रक्षा मंत्रालय ने असली रफ़ाल डील को ख़त्म किए जाने का विरोध किया था?''

राहुल गांधी के इस बयान की पीएम नरेंद्र मोदी ने आलोचना की. मोदी ने कहा, ''अब विपक्ष एक महिला का अपमान करने पर उतारू हो गया है. यह देश की महिलाओं का अपमान है."

राहुल गांधी ने पीएम मोदी से 'मर्द बनिए' यानी Be A Man कहा था.

ये Be A Man की ट्विटर पर टॉप ट्रेंड है. बीजेपी से जुड़े लोग और आम लोग इस हैशैटग के साथ ट्वीट कर रहे हैं.

बीजेपी आइटी सेल प्रमुख अमित मालवीय ने ट्वीट किया, ''राहुल गांधी का देश की रक्षा मंत्री के लिए ऐसे आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल हैरान करने वाला है. वो भी इसलिए क्योंकि वो महिला हैं. असली मर्द औरतों का अपमान नहीं करते हैं.

संचिता गजपति ने ट्वीट किया, ''रक्षा मंत्री निर्मला पर राहुल गांधी का बयान शर्मनाक है. ये हर भारतीय महिला का अपमान है. असली मर्द महिला का सम्मान करता है.''

राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा लिखती हैं, ''राहुल गांधी इस बयान से क्या साबित करना चाहते हैं. क्या वो ये सोचते हैं कि महिलाएं कमज़ोर हैं?''

शीतल मिश्रा लिखती हैं, ''पीएम मोदी ने डर की वजह से संयुक्त राष्ट्र में सुषमा स्वराज को भेजा होगा? क्यों राहुल गांधी जी?''

खुद को मोदी समर्थक बताने वाली रिद्धिमा त्रिपाठी लिखती हैं, ''ये आदमी जो एक औरत की इज्जत नहीं कर सकता. वो हमारे भारत को चलाना चाहता है. कमाल है.''

इस ट्वीट किए वीडियो में मोदी ये कहते नज़र आते हैं, ''भाइयों बहनों, क्या देश में कभी किसी ने 50 करोड़ की गर्लफ्रेंड देखी है. 50 करोड़ की गर्लफ्रेंड इस ग़रीब देश में.''

पहले कब-कब नेताओं के बिगड़े बोल?
राहुल गांधी का किसी महिला को लेकर दिया बयान पहला वाकया नहीं है.

इससे पहले कई ऐसे मौक़े रहे हैं, जिसमें नेताओं ने महिलाओं को लेकर बयान दिए हैं. इन बयानों को लेकर काफी आपत्तियां जताई गईं और विवाद भी हुआ.

दिसंबर 2018:विधानसभा चुनावों के लिए पीएम नरेंद्र मोदी प्रचार कर रहे थे.

मोदी ने तब कहा था, ''कांग्रेस की नींद क्यों हराम हो गई है. कांग्रेस की सरकार में जो बेटी पैदा नहीं हुई, वो विधवा भी हो गई और पेंशन भी मिल गई. ये रुपये कौन विधवा थी जो लेती थी. ये कांग्रेस की कौन सी विधवा थी, जिसके खाते में रुपया जाता था.''

फरवरी 2018:पीएम मोदी राष्ट्रपति के अभिभाषण पर बोल रहे थे. इस दौरान कांग्रेस सांसद रेणुका चौधरी ज़ोर-ज़ोर से हँसने लगीं. तब सभापति वेंकैया नायडू ने रेणुका को चुप रहने के लिए कहा.

तब पीएम मोदी ने कहा था, ''सभापति जी, मेरी आपसे विनती है कि रेणुका जी को कुछ मत कहिए. रामायण सीरियल के बाद ऐसी हँसी सुनने का सौभाग्य आज मिल पाया है.''

अक्तूबर 2012:एक चुनावी रैली में गुजरात के तत्कालीन मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने सुनंदा पुष्कर को लेकर एक बयान दिया था.

मोदी ने कहा था, ''भाइयों बहनों बता दीजिए. इस देश में कभी किसी ने 50 करोड़ की गर्लफ्रेंड देखी है. इस ग़रीब देश में. और उस समय इतना माहौल ख़राब हो गया कि उनसे इस्तीफ़ा ले लिया गया. अभी भी वो ऐसे मामले में लटके हुए हैं. कल भी उनको मंत्री बनाकर बाइज्ज़त बरी कर दिया गया. कांग्रेस का कल्चर देखिए.''

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